DOS Attack होता क्या है , DOS और DDOS में क्या अंतर होता है ? | DOS Attack in Hindi

नमस्कार आपका Technovichar में स्वागत है। आज के इस Article में हम DOS - Denial of Service Attack के बारेमे जानने वाले है। हम जानेंगे की आखिर DOS Attack होता क्या है , DOS और DDOS में क्या अंतर होता है ?। तो चलिए शुरू करते है ...


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Page Content


DOS - Denial of Service Attack क्या है ?(DOS Attack in Hindi)

DDOS Attack क्या है ? (Distributed Denial of Service)

Prevention of DDOS or DOS? 

Types of DDOS Attack

Difference Between DOS and DDOS(DOS और DDOS में क्या अंतर होता है ?)

Conclusion


DOS - Denial of Service Attack क्या है ?

(DOS Attack in Hindi)



Denial of Service Attack में Server Legitimate User को Service Provide करने में सक्षम नहीं रहता। अब इसका मतलब क्या होता है यह विस्तार से समजते है। जबभी कोई Client , Server को Request करता है तब Server उस Request को Check करके उसके According Response देता है। 



पर जब बहोत सारे Client एक साथ Server पर Request भेजते है तब Server उस Request को Handle नहीं कर पाता  और Down हो जाता है। ठीक उसी प्रकार DOS Attack में Attacker ,Server पर Fake Traffic Generate करता है और Server इन Requests को Handle नहीं कर पाता। 



ऐसे में Server Down हो जाता है। ऐसे में जो Original User है उन्हें Proper Service provide नहीं होती। DOS Attack कुछ इस प्रकार काम करता है। 



DOS - Denial of Service Attack से Hacker का क्या फायदा होता है ??


DOS Attack से Hacker को Directly कोई फायदा नहीं है पर Hacker किसी Company के Server पर DOS Attack करता है। तो वह उसे रोकने के लिए उस Company से Money की Demand कर सकता है। 



DDOS Attack क्या है ? 

(Distributed Denial of Service)



Distributed Denial of Service (DDOS) में, कई Computer System एक लक्ष्य पर हमला करते है । लक्ष्य एक Server, वेबसाइट या अन्य Network Service हो सकती है। 



Target सिस्टम पर आने वाले Messages, Connection Requests  या Malformed Packets इसे धीमा करने या यहां  क्रैश और बंद करने के लिए मजबूर करती है, जिससे User या Legitimate System को सेवा से वंचित कर दिया जाता है।



कई तरह के धमकी देने वाले Threat Actors, individual Criminal Hackers से लेकर संगठित अपराध की धमकी और Government Agencies, DDoS Attack का प्रयोग करते है । 



Botnet Malware संक्रमित Computer का एक Network होता है जिससे DDOS Attack Perform किया जाता है। और यह Network ,Hackers Group द्वारा Control किया जाता है। 



Prevention of DDOS or DOS? 



जबकि DoS हमलों को रोकने के लिए एक छोटी सी चुनौती है, DDoS हमले अभी भी एक बड़ा खतरा हो सकते हैं।



Prevent Spoofing



जाँच करें कि Traffic का Source Address , Original स्थानीय Address Group से जुड़ा है और Dial-Up connections को Spoofing से रोकने के लिए Filter का उपयोग करें।



Limit broadcasting



बार-बार होने वाले हमले Network के सभी उपकरणों पर Request भेजेंगे, जिससे हमले बढ़ेंगे। जहां संभव हो, Broadcast Forwarding को Limit या turn off करना हमले को बाधित कर सकता है। उपयोगकर्ता जहां संभव हो वहां echo और  Chargen services को Disable भी कर सकते हैं।



Protect endpoints



सुनिश्चित करें कि सभी Endpoint , Known Vulnerabilities को खत्म करने के काबिल हैं। EDR Agents का उपयोग करने में Capable Endpoints को install किया जाना चाहिए।



Dial in firewalls



सुनिश्चित करें कि आपके firewalls , Ingress और Egress traffic को कम करते हैं या नहीं। 



Monitor the network



Real Time Traffic को Monitor करे। अगर आप Original Traffic के बारेमे जानते होंगे तो DDOS और DOS Attack को पहचान सकेंगे। 


Types of DDOS Attack



  • SMURF ATTACK 
  • SYN FLOOD 
  • LAYER 7 DDOS ATTACK



Difference Between DOS and DDOS

(DOS और DDOS में क्या अंतर होता है ?)

DOS DDOS
DOS Attack का फुल फॉर्म Denial of Service है। DDOS Attack का फुल फॉर्म Distributed Denial of Service है।
DOS Attack को Trace करना आसान है। DDOS Attack को Trace करना थोड़ा मुश्किल है।
DOS Attack एक ही System से Perform किया जाता है। DDOS Attack , Multiple Systems से Perform किया जाता है।
DOS Attack , DDOS Attack की तुलनामे Slow होता है। DDOS Attack , DOS Attack की तुलनामे Fast होता है।
DOS Attack में एक ही Device का Use होता है इससे इस Device को Block करना आसान है। DDOS Attack में Multiple Device का Use होता है इस लिए इसे Control करना मुश्किल है।


Conclusion 



हमें उम्मीद है की आपको यह Post - DOS Attack होता क्या है , DOS और DDOS में क्या अंतर होता है ? | DOS Attack in Hindi पूरी तरह से समज में आया होगा और हमें यकीन है की आपको इस Article को पढ़कर काफी जानकारी भी मिली होगी.



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